5

आज दिल टूटा है कल साँस भी टूटेगा

आज फिर प्यार हुआ तुमसे
और आज ही दिल टूट गया
आज ही आया बाजर ए इश्क में
और आज ही देखो मै लूट गया
जिंदगी का हर पन्ना बिखर गया
मेरी कलम का नक्कू भी निकल गया
देख तेरे शहर-ए-इश्क के बीचो बीच
मेरी जिंदगी का घर भी आज उजड़ गया
मौत भी मुझे देख रुला गयी
अकेला देख मुझे सुला गयी
नहीं दिया साथ मेरा उसने भी
आज वो भी मुझे अजनबी बना गयी
तुम हो बेदर्द बात करती रहीं
कोई और भी था तुम्हारे साथ
फिर भी तुम मौत मेरी देखती रहीं
फिर भी मौत मेरी पर हँसती रहीं
©5bharat