आप अब हद तक जाने लगे हैं
आप अब करिब जो आने लगे हैं।
कई बार मैने इत्तला किया है आपकों
हर इत्तला को अब आप ठुकराने लगे हैं।
मुझे था अब तक नफरत इश्क़ ओ मुहब्बत से
आप रफ्ता रफ्ता मुझे अब सिखाने लगे हैं।
था मै भी मगरूर आपके इसी अदा के लिए
आप दिल से जो प्यार अब जताने लगे हैं।
अब न लौटना तुम अतीत के पन्नों तक कभी
मुझे तुम्हें यहां तक लाने में जमाने लगे हैं।
दोस्तों ने किया मुझसे शिकायत तेरे बारे में कुछ ऐसे
अनुराग तेरे हाथ बेशकीमती खजाने लगे हैं।
©anuragrahi
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