एक समय था जब हमें कुछ पता नही था संसार क्या है
एक समय था जब हमें कुछ पता नही था टकरार क्या है
एक समय था जब हम रहते थे मस्त मगन
खेलते थे अपने सभी दोस्तों से
छई रहती थी खुशी आखो में
देखते हर किसी मे अपने
अभी लड़ते कभी झगड़ते पर रहते हमेसा साथ में।
एक समय था जब हमें कुछ पता नही था क्या है धर्म,क्या है मजहब ।
एक समय था जब हमें कुछ पता नही था किस से खेलना है किस से दूर रहना है।।
एक समय था जब हमें लगते थे सभी अपने
लगता था हर सुबह रंगीन
जिलमिल होता हर साम
सबके सपनो को मिलता उडान।
अब एक समय है जब याद आरही है हमारी बचपन
अब लगता है इस फ़ास्ट वले दुनिया में हम
अपने आप को भूल गए है।
देख के दुख होता है मन में।।
©avishek
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