V vikasgarg en July 23, 2025 भारत यहाँ होली,दिवाली,ईद,दिसंबर मिलकर साथ मनाये।सब रिश्ते-नाते भूल कर एक नई पहचान बनाए।दुश्मन है लोहा,पारस भारत कहलाता है,भारत सारी दुनिया में अमृत भर जाता है,सारी दुनिया की आँखे बस भारत कहलाता है!🌹🌹🌹©vikasgarg