मैं चाहता हूँ ,मैं तेरी... हर साँस में मिलूँ,
परछाईयों में, धूप में, बरसात में मिलूँ।
कोई खुदा 🕋के दर पे मुझे ढूंढ़ता फिरे,
मैं भी किसी को💕 प्यार की सौगात में मिलूँ
तड़पे हजारों दिल💖 मगर हासिल न मैं हुआ,
तू चाहता है मैं तुझे यूँ ही खैरात में मिलूँ🌷💚
©rohit123
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