Y your_rohit en July 23, 2025 मेरी आँखों से अश्क़ मिटाने, अब कौन आएगा, इन राहों से पत्थर हटाने, अब कौन… मेरी आँखों से अश्क़ मिटाने, अब कौन आएगा, इन राहों से पत्थर हटाने, अब कौन आएगा, ख़ुद ही दफ़नानी होगी अपने ग़मों की लाश मुझे, और तो ये जनाज़ा उठाने, अब कौन आएगा।©your_rohit