तू सामने रहती है आजकल
दिन तो यूं हीं निकल जाता है
इसी तरह रहा करो सामने
मौत की परवाह कौन करता है..
बेमतलब की जिंदगी है तेरे बिना
तू नहीं तो जग लगता सूना सूना
कभी गले लगाता हूं कभी चूमता हूं
तू रब है मेरा मैं सजदा भी करता हूं
हुस्न और ईश्क का मेल तो संजीवनी है
तू साथ साथ है तो खूबसूरत जिंदगानी है
तेरी अदाओं का बडा कायल हूं
तेरी कातिल नजरों का घायल हूं
अब तो हाथ है तेरे हीं जिंदगी मेरी
बनाती रहो खुश्गवार जीवन की घडी
©abhidilse
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