D

संझ‌ को आने वाले लोग, मजदूरी से आने वाले लोग, सांझ को लाते हैं मधुशाला, कहते है…

संझ‌ को आने वाले लोग,
मजदूरी से आने वाले लोग,
सांझ को लाते हैं मधुशाला,
कहते है यह तो दवा है मेरी,
इनको पता ही क्या,
यह मधुशाला तो आराम देने वाली है।
©dileep67