S shivatomar en July 23, 2025 सर्वत्र ईश्वरम हे ईशवर तुम आदि अनंता हो।तुम जगपालक तुम भगवंता हो।हे सगुण, हे निर्गुण स्वामी।तुम सृष्टि चालक तुम ही जगत नियन्ता हो। क्षण में प्रकट क्षण मे गायब सब पर अनुग्रह करन्ता हो।©shivatomar