V

वजह

कुछ तो है वजह,
तुम्हारा होना महसूस होता है।
ना होना,... दिल में कसास होता है।
कुछ तो है वजह....
तेरे होने से
ये होंठ मुस्कुरा जाते हैं,
चेहरे पे लाली आती है,
धड़कने तेज़ हो जाती है।
कुछ तो है वजह...
जब निकली ढूंढने ये वजह,
तो मिराज में खुद को पाया,
अक्स अपना ही धुंधला सा आया,
इल्म ना थीं कि एक दुनिया ऐसी भी
जहा खुद को खुद से ही लड़ता हुआ पाया,
जहां दिल की दुनिया अलग ही थी
खूबसूरत और रूमानी सी,
उस ख्यालों की दुनिया को
बस, डूबते और बिखरते पाया।
जब निकली ढूंढने वज़ह
तो वहां कुछ भी ना पाया....
तुम्हारा होना एक एहसास था
एहसास को खोता पाया।

©vandi