U

यूं तो हर लम्हा खास होता

यूं तो हर लम्हा खास होता
अगर तू मेरे पास होता
तेरी हर जिद पूरी करता
अगर तु मेरे साथ होता
यूं तो हर लम्हा खास होता

तूने क्यों मुझे अकेला छोड़ दिया
यूं तो तन्हा हू मैं अब , हर लम्हा तेरे बिना एक अधूरा लगता है
मुझे अब कुछ खास नहीं लगता
अब बस एक आस है कि तू फिर से लौट आएगी
और मैं तन्हा दोबारा नहीं रहूंगा
यूं तो हर लम्हा खास होता
अगर तू मेरे पास होता......
©ushaahir