1)_ इस कदर जो तुम बदलने लगे हो
हम में कोई कमी आ गई या जिंदगी में कोई ओर।
2)_ कभी ख्वाब बनकर तो कभी खराब बनकर
वो हमें सताते रहे।
हमने प्यार किया और उन्होने प्यार निभाने का वादा
वो फिर भी आजमाते रहे।
3)_ के एक खत लिखा था तेरे नाम भी
जो जुदा है मुझसे और गुमनाम भी
कि तेरी गली तक आया और तुझसे मिला भी नहीं
बस इस डर से के कही होना जाये बदनाम भी
4)_ के अकसर मेरा दिल टूट जाया करता है
जब भी वो शक्श मुझसे रुठ जाया करता है।
©faltufame
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