A ajaysingh1 hi 23 जुलाई 2025 इश्क़ बेवफा हुई गवा "हे इश्क़ ,तूने मुझे ठुकरा के फर्क बस इतना किया है ।मेरे अश्रु दरियां डुबो देगें ।।तुम्हारे केवल आंखों से निकल कर ओंठों तक समाप्त हो जायेगें ।।। - अजय सिंह यादव©ajaysingh1