पल-पल में छिपा एक राज़
कभी उदास, कभी उमंग का साज
सपनों की डोर, संघर्ष की डगर
हँसी-आँसू, मिलन-बिछोह का असर
क्या है यह जीवन? एक अनोखा खेल
जहाँ हर पल है एक नया मेल
कभी ऊँचाइयों पर चढ़ते हुए
कभी गहराइयों में डूबते हुए
अर्थ नहीं है किसी एक पल में
बल्कि यात्रा में, हर एक चरण में