शब्दों से परे, सन्नाटे में बसी
एक अनकही कहानी, मौन में मुस्कुराती
बीते पलों के साँझ में जैसे
आँखें कुछ कह जाती
दिल की गहराइयों में दबी
एक अनुभूति, जो छू लेती
मौन की मधुर संगीत में
सच्चाइयाँ अनसुनी रह जाती
शब्दों से परे, सन्नाटे में बसी
एक अनकही कहानी, मौन में मुस्कुराती
बीते पलों के साँझ में जैसे
आँखें कुछ कह जाती
दिल की गहराइयों में दबी
एक अनुभूति, जो छू लेती
मौन की मधुर संगीत में
सच्चाइयाँ अनसुनी रह जाती