Y

umeed

मम्मी पापा की उम्मीदों पे खरा उतरना है,
आलोचको का जवाब भी मुझे अब उन्हीं की भाषा मे देना है।
सपनो को दबा के नही खुल के जीना है,
अब रुकना नही बस लगातार आगे बढ़ना है।
©yoursut