A

याद

क्यों मुझे उसकी याद बहुत सताती है
नींद डर से मुझे ख़्वाबों के नही आती है
अब लगाता नही हूं मैं इत्र कोई भी देखो
क्यों हवा लेके ख़ुशबू उसकी चली आती है
दिल से कैसे उसे मैं अपने निकालूं आमिर
बन के आंसू मेरी आंखों में चली आती है
©amirrizvi