यहाँ एक कविता है:

आशा का दीपक

सपनों के आकाश में
जगमगाती एक किरण

कल की धुंध में छिपी
आँखों में नई चमक

हार नहीं, उम्मीद है मेरी
हर कदम पर नया संकल्प

भविष्य है खुला अंतहीन
मेरी आशा है अक्षय, अमर