यहाँ एक कविता है:

तेरी याद के सागर में

तेरी याद के सागर में डूबा रहता हूँ
हर पल, हर सांस में तुझे महसूस करता हूँ

दूरियाँ बढ़ती जाती हैं, पर प्रेम कम नहीं होता
तेरी आँखों का संसार मेरे दिल में फूलता रहता

कभी चाँदनी रातों में, कभी सुबह की धूप में
तेरी स्मृतियाँ मेरे साथ हैं हर एक रूप में

अलग होकर भी साथ हैं, यह प्रेम का चमत्कार
विरह में भी मिलन की आस, यही है प्यार का सार