यहाँ एक कविता है:

निशा की काली चादर में
चमक रहे हैं सितारे

धरती को देते सांत्वना
चुपके से जगमगाते प्यारे

हर तारा एक कहानी
हर तारा एक सपना

मौन रात में बिखरे हुए
जैसे प्रेम का अरमान