खामोशी
शब्दों के पार एक दुनिया है
जहाँ सन्नाटा बोलता है
मौन की गहराइयों में
छुपी हैं हजार कहानियाँ
कान लगाओ, सुनोगे तो
पत्थर भी रो देंगे
धीरे-धीरे पिघलती
शब्दहीन आवाजें
खामोशी
शब्दों के पार एक दुनिया है
जहाँ सन्नाटा बोलता है
मौन की गहराइयों में
छुपी हैं हजार कहानियाँ
कान लगाओ, सुनोगे तो
पत्थर भी रो देंगे
धीरे-धीरे पिघलती
शब्दहीन आवाजें