यहाँ एक कविता है "पुरानी तस्वीरें" विषय पर:

पुरानी तस्वीरें

धूल भरी एल्बम में छुपी हुई
हर तस्वीर एक कहानी कही हुई

मुस्कुराते चेहरे, फीके रंग में
याद की धुंध में डूबी हुई

कभी खुशी के, कभी गम के पल
एक पल में जैसे रची हुई

उँगलियों से सहलाता हूँ मैं
स्मृतियों को फिर से जगाती हुई