शहर की रोशनी
चमकीले बल्ब और नियॉन लाइटें
रात को दिन सा कर देती सजीले
सड़कों पर बिखरी चमक-दमक में
जीवन की कहानियाँ छुपी अकेले
बिजली के तारों में लटकी उम्मीदें
हर खिड़की में एक सपना जगता
शहर की रोशनी में मिलते अजनबी
कोई हँसता, कोई रोता, कोई भटकता
शहर की रोशनी
चमकीले बल्ब और नियॉन लाइटें
रात को दिन सा कर देती सजीले
सड़कों पर बिखरी चमक-दमक में
जीवन की कहानियाँ छुपी अकेले
बिजली के तारों में लटकी उम्मीदें
हर खिड़की में एक सपना जगता
शहर की रोशनी में मिलते अजनबी
कोई हँसता, कोई रोता, कोई भटकता