यहाँ एक कविता प्रस्तुत है:

हरियाली का आँचल

पहाड़ों पर छाया हरा दुपट्टा
घास में झूमती हलकी मंद हवा
पत्तों में छिपी एक मधुर कहानी
प्रकृति की सुंदरता, अनमोल जवानी

नदी बहती, पत्थरों को चूमती
पीपल की डाली मंद मुस्कुराती
बादल गरजते, बिजली चमकती
धरती अपनी सुंदरता दिखाती